गढ़वा। जिले के विभिन्न सामाजिक एवं सेवा क्षेत्रों में सक्रिय प्रतिष्ठित समाजसेवियों एवं चिकित्सकों ने पवित्र पर्व बकरीद के अवसर ...
गढ़वा। जिले के विभिन्न सामाजिक एवं सेवा क्षेत्रों में सक्रिय प्रतिष्ठित समाजसेवियों एवं चिकित्सकों ने पवित्र पर्व बकरीद के अवसर पर जिलेवासियों, विशेषकर समस्त मुस्लिम समुदाय को दिली मुबारकबाद देते हुए आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द बनाए रखने की अपील की। सभी ने कहा कि बकरीद त्याग, समर्पण, इंसानियत और जरूरतमंदों की सहायता का संदेश देने वाला पर्व है, जिसे मिल-जुलकर प्रेम और सद्भाव के साथ मनाना चाहिए।समाजसेवी एवं चिकित्सक डॉ यासीन अंसारी ने कहा कि बकरीद हमें इंसानियत और कुर्बानी की भावना सिखाती है। यह पर्व समाज में प्रेम और भाईचारे को मजबूत करने का अवसर है।वही
डॉ अरशद अंसारी ने अपने संदेश में कहा कि ईद-उल-अजहा का पर्व लोगों को एक-दूसरे के प्रति सम्मान, सहयोग और सामाजिक जिम्मेदारियों का एहसास कराता है। उन्होंने सभी के सुख, शांति और खुशहाली की कामना की।वही डॉ असजद अंसारी ने कहा कि त्योहार समाज को जोड़ने का माध्यम होते हैं। बकरीद का संदेश त्याग और मानव सेवा से जुड़ा हुआ है, जिसे सभी को आत्मसात करना चाहिए।वही डॉ माहेरू यमानी ने कहा कि बकरीद केवल एक पर्व नहीं बल्कि इंसानियत, करुणा और आपसी सद्भाव का प्रतीक है। उन्होंने सभी लोगों से सामाजिक एकता बनाए रखने की अपील की।वही डॉ महजबी यमानी ने कहा कि पर्व हमें प्रेम, सहिष्णुता और सामाजिक समरसता का संदेश देते हैं। उन्होंने महिलाओं एवं युवाओं से सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।वही डॉ नौशाद आलम ने अपने संदेश में कहा कि बकरीद का त्योहार त्याग और सेवा की प्रेरणा देता है। उन्होंने लोगों से गरीबों और जरूरतमंदों की सहायता करने का आग्रह किया।समाजसेवी शौकत खान ,इस्लाम कुरैशी और ने कहा कि सभी पर्व समाज को जोड़ने का कार्य करते हैं। बकरीद के अवसर पर सभी को मिलकर शांति और भाईचारे का वातावरण बनाना चाहिए।वही सम्मी खान ने कहा कि आपसी प्रेम और सद्भाव ही समाज की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने सभी जिलेवासियों को बकरीद की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।वही शरीफ अंसारी एवं फूजैल अहमद ने कहा कि त्योहार खुशियां बांटने का माध्यम होते हैं। उन्होंने लोगों से जरूरतमंदों के बीच खुशियां साझा करने की अपील की।वही गजाला सिद्दीकी ने कहा कि बकरीद का पर्व हमें त्याग, सेवा और इंसानियत का संदेश देता है। उन्होंने समाज में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर भी बल दिया।वहीं गुलशन आरा ने अपने संदेश में कहा कि पर्व आपसी रिश्तों को मजबूत करने का अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने सभी के लिए अमन, चैन और तरक्की की दुआ की। सभी समाजसेवियों एवं चिकित्सकों ने संयुक्त रूप से जिलेवासियों से अपील की कि बकरीद का पर्व प्रेम, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द के वातावरण में मनाएं तथा समाज में एकता और सद्भाव को मजबूत करें।खबर देखने के लिए channel को सब्सक्राइब करें, बेल आइकॉन को दबाएं, लाइक करें औऱ लिंक को शेयर करें।




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